अंगूर का मजा किशमिश में-9
सारिका कंवल उसने चोदने का मन बना लिया, उसने मुझे खड़े होने को कहा और खुद भी खड़ा हो गया, सुधा ने मेरी योनि पर थूक लगा दिया। मुझसे विजय ने कहा- तुम मेरे लौड़े
Antarvasna कम्युनिटी को हमारी शानदार Group Sex Story कहानियों के कलेक्शन से आपको पागल कर देने दें।
सारिका कंवल उसने चोदने का मन बना लिया, उसने मुझे खड़े होने को कहा और खुद भी खड़ा हो गया, सुधा ने मेरी योनि पर थूक लगा दिया। मुझसे विजय ने कहा- तुम मेरे लौड़े
सारिका कंवल उसने कहा- आज रात मैं तुम्हें खुले में चोदना चाहता हूँ ! मैंने तुरंत कहा- यह नहीं हो सकता, यह गाँव है किसी ने देख लिया तो तुम्हें और मुझे जान
यह कहानी मुझे मुम्बई से रसिका बेगम ने भेजी है जिसे मैं रसिका के शब्दों में ही आपके सामने पेश कर रहा हूँ। मैं रसिका बेगम हूँ, मैं यहाँ मुम्बई में अपनी
आकृति टंडन मेरे प्यारे दोस्तों मेरा नाम आकृति टंडन है। मैं देहरादून की हूँ। मेरी उम्र 24 साल है। मेरा फिगर 32-26-34 और रंग गोरा है। मुझे अलग अलग लड़कों से
अनु रानी का आगे का सारा शरीर चाट चाट के मज़ा देता हुआ और मज़ा लेता हुआ मैं उसकी छाती तक आ गया, बड़े प्यार से कुछ देर तो मैंने दोनों चूचियों को सहलाया, दबाया व निचोड़ा और निप्प्लों को भींचा मसला।
अनु रानी ने मुझे दुबारा से एक बहुत लम्बा चुम्बन दिया और बोली- राजे... अब जा थोड़ा आराम कर ले या मेरी बहन नीलम के साथ खेल ले... शाम को मेरा पति और तू मुझे एक साथ चोदोगे... अच्छा बता तू पहले चूत मारेगा या गाण्ड?'
थोड़ी देर बाद पीटर का वीर्य मेरे चेहरे और आखों पर गिर गया। मैंने पीटर से वीर्य को पीटर से ही लंड से मल लिया और फिर आराम से पीटर के लंड को चूसने लगी। वहीं पीटर भी मेरी चूत को अपने होंठों से तार-तार कर रहा था। उधर सविता ने भी अब्दुल की पीठ को कस कर पकड़ लिया और अब्दुल को चूमने लगी।
अनु रानी ने कहा- सुन राजे... थोड़ी देर तू मेरी झांटों के जंगल की हवा खा... फिर मैं तेरे को अपनी चूत का अमृत नंबर एक पिलाऊँगी... तुझे पता है अमृत नंबर एक क्या है?'
पिंकी सेन हैलो दोस्तों आपके इंतजार की घड़ी ख़त्म हुई आज इस कहानी का आखिरी भाग लेकर आपकी खिदमत में हाजिर हूँ। उम्मीद है आपको मज़ा आएगा, अब आपसे ज़्यादा बात
पिंकी सेन हैलो दोस्तो, क्या हाल है आप सबके मेल आए, बड़ा अच्छा लगा मन को अब आपके लिए आज का यह भाग लाई हूँ उम्मीद है, यह भी आपको अच्छा लगेगा, तो अब आप आनन्द
जय पन्द्रह मिनट की चुदाई के बाद मैं उसकी चूत में ही झड़ गया और अपना लंड उसकी चूत से बाहर निकाल लिया। नीरू भी इस बीच दो बार झड़ चुकी थी। नीरू उठी और उसने
मैं जल्दी से उधर लपका और बाथरूम का दरवाजा खोल दिया और मुझे सलोनी मिल गई वो सामने कमोड पर बैठी थी... पूरी नंगी... उसने एकदम से मुझे देखा.. हम दोनों की नजरें आपस में मिली...
पिंकी सेन नमस्कार दोस्तों आपकी दोस्त पिंकी आज एक मेगा पार्ट के साथ आपकी खिदमत में हाजिर है। उम्मीद है आज आपको भरपूर मज़ा मिलेगा और लेट पार्ट आने की आपकी
जय नमस्कार पाठको, मैं जय ग्रेटर नोएडा से सबसे पहले आप सबका धन्यवाद करता हूँ कि आप सभी को मेरी पिछली कहानी काफी पसंद आई और आपके सुझावों और सराहना के लिए
पिंकी सेन गुड-मॉर्निंग फ्रेंड्स आप के मेल से पता चला कि आपको कहानी के क्लाईमेक्स की जल्दी नहीं है। सब यही चाहते हैं कि कहानी चलती रहे। तो आनन्द लीजिए। अब
पिंकी सेन अब तक आपने पढ़ा... आरोही के सामने सारी बात खुल गई थीं, वो खुद को बड़ी बेसहारा महसूस कर रही थी। यूं तो जूही कहने को उन लोगों का साथ दे रही थी, पर
जूजा जी अब तक आपने पढ़ा कि ज़न्नत पूरी तरह से नरेन की चुदाई से खुश होकर बिस्तर पर पीठ के बल लेट गई। नरेन ने अपने पानी को तौलिए से पौंछ कर ज़न्नत के चूतड़ों को
पिंकी सेन पिछले भाग में मैंने कहा था कि अब कहानी अपने मुकाम पर आ पहुंची है, पर लिखते-लिखते पता ही नहीं चला कि कहानी आगे चली गई। शायद एक-दो भाग और लिखने
पिंकी सेन हाय दोस्तो, अब तो आपको कोई शिकायत नहीं है न... कहानी अपनी मंज़िल के करीब है और आप लोगों के मेल से पता चलता है कि आप सबको कहानी कितनी पसन्द आई।
पिंकी सेन अब तक आपने पढ़ा... जूही आरोही को उल्लू बना कर खुद साहिल के पास आ जाती है और उसे बताती है कि उसको सब पता है कि यहाँ क्या हो रहा है। वो अपनी बहन
जूजा जी मैंने पंकज से अपने ऊपर नंगे लेट कर पहले मेरा सारा नंगा बदन चूमने और चाटने के लिए कहा। पंकज झट से मेरे ऊपर चढ़ कर मेरी नंगे बदन को सर से पैर तक
दोस्तो, लो आपकी दोस्त आ गई है आज एक नये ट्विस्ट के साथ और आपने जो मेल करके मेरा हौसला बढ़ाया उसके लिए धन्यवाद। आज आपको चौंका देने वाला ट्विस्ट डाल रही हूँ
पिंकी सेन हाय दोस्तो, लो आज कई दिन के अन्तराल के बाद मैं नए भाग के साथ हाजिर हूँ। असल में कहानी में कुछ हिन्सा आदि पर आपत्ति जताते हुए मुझे कहानी से
पिंकी सेन हाय दोस्तो, आपके मेल आए, बड़ा अच्छा लगा। आज की कहानी का आनन्द लीजिए। अब तक आपने पढ़ा... संजू और अंकित आरोही का राज का पर्दाफाश कर रहे थे कि कैसे
हाय, मेरा नाम आकाश सिंह है। रोज की तरह आज भी मैं स्नेहा को चोदने के लिए बेकरार था। स्नेहा मेरी गर्लफ्रेंड है। हम 12वीं क्लास में साथ साथ पढ़ते हैं। वो बला
उसने सविता के चूतड़ पकड़े और अपनी तरफ खींच कर उसकी गर्दन को चूमने लगा और पीछे से उसकी ब्लाउज के हुक खोलने लगा,उसने फिर से सविता की दोनों टाँगों को फैला दिया
दोस्तो, मैं कहानी लिखना नहीं जानता हूँ लेकिन अब तक 23 अलग-अलग चुदाई कर चुका हूँ. इस दास्तान में शायद वो मजा ना आए लेकिन सच्चाई पूरी है। आप लोगों से
तीन साल पहले मेरी चुदाई नई-नई शुरू हुई थी और धीरे-धीरे मज़ा लेना सीख रही थी। मेरी चूचियाँ उभर कर काफ़ी बड़ी हो चली थीं। मेरी चूत में पहले से अधिक खुजली होती है।
लेखिका : राधिका शर्मा इससे पहले आप लोगों ने मेरी दो कहानियाँ पढ़ी हैं। सहेली का बदला और होली के नशे में। अब एक और सच्ची घटना पढ़िए। हम दो दोस्त हैं।
रोनी सलूजामेरी कहानी 'कामदेव के तीर' को पाठको की जो सराहनाप्राप्त हुई उसके लिए तमाम पाठक पाठिकाओं को तहे दिल सेधन्यवाद !मध्यप्रदेश एवं कई जगहों से
लेखक : इमरान दो बजे के करीब मनोज आए और अम्मी को बताने लगे- मैंने हनी से सारी बात कर ली है, वो थोड़ी देर में आ रही है। मेरी अम्मी हसीना बेगम ने मेरे सामने
प्रेषक : रवि अन्तर्वासना के पाठकों को प्रणाम। सभी पढ़ने वालों और वाली भाभियों और कुंवारी चूतों को मेरे खड़े लंड का सलाम। मेरा नाम रवि है। मैं 21 साल का जवान
प्रेषक : जूजा जी तभी शब्बो बोली- राजा इसकी सील तोड़नी पड़ेगी .. साली की चूत अभी तक पैक है ..! मेरा लण्ड गनगना गया, जीवन में पहली सील तोड़ने का अवसर था। मैंने
इस पोज़ीशन में उसके दोनों छेद मेरे ठीक सामने हो गए। बुर में नितिन का लण्ड ठुँसा हुआ था और गाण्ड मुझे बुला रही थी। मैंने छेद में अपना लण्ड उतार दिया। निदा के अगले छेद में नितिन का मोटा और भारी लण्ड होने के कारण उसके पिछले छेद में जगह कम बची थी जिससे मेरे लण्ड पर भी वैसे ही कसाव महसूस हो रहा था जैसे पहले होता था।
प्रेषक : जूजा जी मुझे अभी भी याद था कि दो छेद मेरे लंड का बड़ी बेकरारी से इंतजार कर रहे हैं। मैंने सीमा की तरफ देखा तो मैडम अपनी चूत में ऊँगली अन्दर-बाहर
हम तीनों ही मादरजात नग्न थे और मेरे इशारे पर नितिन भी ऐसा सट गया था कि हम तीनों ही एक-दूसरे से रगड़ रहे थे। नितिन ने उसका चेहरा थाम कर उसे चूमने की कोशिश की, लेकिन निदा ने शर्म से चेहरा घुमा लिया और वो पीछे से उसकी गर्दन पीठ पर चुम्बन अंकित करने लगा।
लेखिका : सपना चौधरी अन्तर्वासना के सभी पाठकों को मेरा नमस्कार। अन्तर्वासना पर यह मेरी पहली कहानी है। मुझे मेरी सहेली ने बताया कि अन्तर्वासना पर सब लोग
प्रेषक : जूजा जी सीमा ने बडे़ ही मादक अन्दाज से सिगरेट का एक कश खींचा और मुझसे बोली- तुम्हारा डण्डा तो बहुत मजेदार है। मैं सोचने लगा कि अभी तूने देखा ही
मैंने न सिर्फ अपने हाथों को उसकी पीठ पर रखे हुए निदा की ब्रा के हुक खोल दिए बल्कि हाथ नीचे करके उसकी कुर्ती को एकदम से ऐसा ऊपर उठाया के उसकी भरी-भरी चूचियां नितिन की आँखों के आगे एकदम से अनावृत हो गईं और वह दोनों हाथों से उन पर जैसे टूट पड़ा।
मैं बेचारी अबला नारी दो मर्दों के बीच में सैंडविच बन कर रह गई थी और सिवाय मजे करने और देने के मैं और कर भी क्या सकती थी? और वैसे भी चुदाई का मजा किसे पसन्द नहीं भला।
यह कहानी मेरे एक दोस्त की है जो मैं आपसे शेयर कर रहा हूँ। इस कहानी का एक भाग शराबी की जवान बीवी आप पहले ही पढ़ चुके हैं, आगे की कहानी मेरे दोस्त की
लेखक : रवि लोरिया बोली- जीजू पिशाब नहीं पिलाओगे क्या हमें आज? उसके ये शब्द सुनते ही मुझे यकीन नहीं हो रहा था कि वो दोनों इस हद तक भी जा सकती हैं, जो मैंने
मैंने करीना को बैड पे लिटा दिया और उसका टॉप उतारने लगा, उसका टॉप उतारने में लोरिया ने भी मेरी मदद की, करीना के शरीर पर ब्रा और पैंटी रह गई थी.
प्रेषिका : सुनीता प्रणाम पाठको, मैं एक कंप्यूटर टीचर हूँ। मेरी उम्र पच्चीस साल की है, मैं एक प्राइवेट स्कूल में नौकरी करती हूँ। मेरे पति फौजी हैं, उनकी
जब माँ चुदवायेगी तो बेटी को और मजा आयेगा, तुम फ़िक्र नहीं करो, हम लोग अनुभवी चोदू हैं, तुम्हें हमारे लंड जरूर पसंद आयेंगे। फिर तुम लोग हमसे हमेशा चुदवाती रहोगी।
कुसुम रोते हुए बोली- मुन्नी मेरी अच्छी सहेली है। कल बेचारी ने पति से छुप कर हज़ार के दो नोट दिए थे, बोली थी 'अपने घर भेज देना, तेरे मम्मी पापा मुश्किल में
मैं घर चार बजे पहुँच गया, भाभी को जब मैंने यह सब बताया तो उनकी ख़ुशी का ठिकाना नहीं रहा, उन्होंने मुझे बाहों में भर लिया और मेरी तीन चार पप्पी ले लीं। उसके
बहुत देर तक मेरी गांड चाट कर जब सोनू का मन भर गया तो उसने अपना लंड घुसाने में जरा भी देर नहीं की और मेरी गांड में अपना लंड घुसा कर मेरी गांड मारने में लग गया, मैं भी रणवीर के लंड चूसने लगी।
रणवीर ने मेरी ब्रा खोल दी और मेरे एक स्तन को अपने होंठों से चूसने लगा, वहीं हाथों से मेरे दूसरे उभार को दबाये जा रहा था। फिर सोनू ने भी मेरे होठों का साथ छोड़ा और रणवीर सा साथ देने पहुँच गया ...
दोस्तो, मैं अपनी क्लाइंट लिंडा के कहने पर मैं उसकी मित्र मीरा के जन्मदिन का तोहफ़ा बन शहर से दूर एक फार्म हाउस पर था। रात को मीरा को चांदनी रात में और अब
परी भी काफी एक्साइटेड थी इसलिये उसने मुझे नीचे कर मेरे ऊपर सवार हो गई और मेरा अंडरवियर खोला तो मैंने उसे 69 पोज़िशन में आने को कहा। और वो भी अपनी लिन्गरी हटा अपनी योनि मेरे मुँह की तरफ कर घुटनों के बल बैठ कर मेरा लिंग चूसने लगी...
सवेरे आँख खुली तो देखा ऋतु अभी भी बेसुध सो रही है। रात को ऋतु ने दारु भी बहुत पी और मैंने चोदा भी जोर से। मेरा लंड ऐसे गांड भी मार सकता है पता नहीं था। बालकनी में शर्मीला नंग धडंग सुबह की ठंडी हवा का मजा लेते हुए सिगरेट पी रही थी।
मैंने ऋतु को कहा कि वो कुतिया बन जाये, मुझे गांड मारनी है। शर्मीला के चाटने से ऋतु गांड थोड़ी गीली थी। कुतिया बनने पर ऋतु का सर बिस्तर पर लगा दिया तो अब उसकी गांड के अच्छे दर्शन हो रहे थे।
सुनीता ने सुनील का लिंग मुँह में ले लिया, मैंने रवि का! सुशील अकेला था तो सुनील ने उसको पास बुलाया और सुनील ने सुशील का लिंग मुँह में ले लिया। सब मजे कर
फिर हम लेटे लेटे बात करने लगे, मैंने कहा- कल और मजा आएगा, कल सुशील भी आ जायेगा। सुनीता- अब यह सुशील कौन है? मैंने कहा- यहीं पास में रहता है, काफी अच्छा
सुनील आ गया। मैंने उन दोनों का परिचय करवाया। खाना बना हुआ था, हमने साथ बैठ कर खाना खाया। बात करते हुए मैंने सुनील से कहा- सुनीता मेरी अच्छी दोस्त है, इसके
नमस्ते दोस्तो, आपने मेरी पहले आ चुकी कहानियों को बहुत पसंद किया जिसके लिए मैं आपकी आभारी हूँ। अब मैं आपको अपनी चुदाई का एक और गर्मागर्म किस्सा सुनाती हूँ।
मैं अपने कॉलेज में होने वाले टेस्ट की तैयारी कर रही थी। तभी अब्दुल का फोन आया,'बानो, क्या कर रही है ? जल्दी से ऊपर आजा... एक काम है !' 'अभी आती हूँ... '
हिमेश का लण्ड देख कर ही मेरी तो बांछें खिल गई। मैंने भी पहली बार इतने विशाल लण्ड के दर्शन किए थे। मेरी एक दीर्घकालीन मनोकामना आज पूर्ण होती दिख रही थी।
मैं उनके साथ गप्पें लड़ाने लगी। अब आ गया सेक्स का टॉपिक... अब मैंने कभी ना किसी को चूमा और ना ही कभी किसी से अब तक चुदी थी।
मेरा नाम सीमा, उम्र 26 साल है। मैं एक शादीशुदा औरत हूँ। मैं सेक्स में बहुत रुचि रखती हूँ। मेरे पति सुनील एक अध्यापक हैं। वो लंबे और सुन्दर दीखते हैं। वो
दोस्तो, जैसा कि आप सभी जानते हैं कि मैं चंदा और उसकी बेटी छवि दोनों की चूत और गांड दोनों चोद चुका हूँ। जिन पाठकों ने मेरी वो कहानियां आंटी और उनकी छवि
रोज़ रात को नशे में आता और पाँच-छह मिनट की चुदाई होती ! मुझे लौड़ा चूसना बहुत पसंद है लेकिन वो ज्यादा नहीं चूसने देता, जैसे ही खड़ा हो जाता, सीधा चूत में डाल देता।
राज अग्रवाल प्रीती अब बहुत खुश थी कि उसने महेश से अपना बदला ले लिया था। एक दिन उसने मुझसे कहा, “राज! मुझे अब एम-डी से बदला लेना है, लेकिन कोई उपाय नहीं
“मेरा प्लैन है कि एम-डी महेश की बेटी मीना को उसकी आँखों के सामने चोदें”, प्रीती ने सिगरेट सुलगाते हुए कहा। “क्या तुम्हें लगता है कि एम-डी अपने खास दोस्त
मेरे घर में एक पार्टी थी। मैंने एक खेल रखा था और सब उसके नियम सुनने को बेचैन थे। १५ मिनट हो चुके थे। “दोस्तों! अब जो खेल मैंने रखा है... प्लीज़ सब ध्यान से
राज अग्रवाल प्रीती की बात सुनकर मुझे उस पर नाज़ हो गया। ठीक है जो ज़िंदगी में गुजरा वो कुछ अजीबो गरीब था लेकिन वो सही में मुझसे प्यार करती थी। रवि भी नाश्ते
मेरा नाम अंजलि सिंह है। मैं एक शादी शुदा औरत हूँ। गुजरात में सूरत के पास एक टेक्सटाइल इंडस्ट्री में मेरे पति बृजभूषण सिंह इंजीनियर की पोस्ट पे काम करते
मैं पलंग पर सीधी लेट गई और उन पांचों ने मेरे मुंह के चारों तरफ़ घेरा डाल लिया. मैंने एक एक करके सबके लंड को मुंह में ले कर पानी निगलना चालू कर दिया.
ग्रुप सेक्स-1 हेल्लो दोस्तो, मैं राज फ़िर कोलकाता से. नीतू की चुदाई के बाद हम लोग बहुत थक गए थे. इसलिए सभी सो गए. जब नींद खुली तो शाम के 4 बजने वाले थे.