दोस्त ने अपनी बीवी को चुदवाया
मेरा एक पाठक अपनी बीवी को गैर मर्द से चुदती देखना चाहता था. उसने इसके लिए मेरी मदद मांगी. मुझे क्या आपत्ति हो सकती थी. कहानी में पढ़ें कि मैंने कैसे उसकी मदद की.
Antarvasna कम्युनिटी को हमारी शानदार चुदाई की कहानी कहानियों के कलेक्शन से आपको पागल कर देने दें।
मेरा एक पाठक अपनी बीवी को गैर मर्द से चुदती देखना चाहता था. उसने इसके लिए मेरी मदद मांगी. मुझे क्या आपत्ति हो सकती थी. कहानी में पढ़ें कि मैंने कैसे उसकी मदद की.
मेरी सहेली के मामा मेरी सलवार उतार कर मेरी चूत चाट रहे थे. मुझे कुछ अजीब सा ... कुछ अच्छा सा लग रहा था. मामा मुझे चोदने की बात करने लगे तो मैंने भी हाँ कर दी. लेकिन तभी ...
मेरे पड़ोस में एक माल भाभी रहती थी लेकिन साली बोलती नहीं थी. मेरा मन था उसे चोदने का ... मैंने उसके पति से यारी की तो उसने बताया कि वो अपने पति से भी नहीं चुदवाती. तो मैंने क्या किया?
मैं अपनी सहेली की बहन की शादी में आई हुई थी. रात में मेरा मूत आया तो बाहर खेत में जाकर सलवार खोल कर बैठने लगी कि वहां दो लड़के आ गए. तो मैंने क्या किया?
पड़ोस में रहने आई एक नई फैमिली में एक भाई बहन थे, भाई से मेरी दोस्ती हो गयी. लेकिन उसकी बहन से सिर्फ हाय हेलो थी. फिर एक दिन हालात कुछ ऐसे बने कि ...और भी काफी कुछ हो गया.
शादी से पहले ही मुझे चूत चटवाने की बुरी लत लग गई थी. मैंने इसी इच्छा को पूरा करने के लिए शादी के बाद मजबूरन वह तरीका अपनाया जिसे अपनाने के बाद मुझे औरत होने का भरपूर सुख मिला.
मैंने भाभी की बुर को देखा ... एकदम गुलाबी चिकनी बुर ... एक भी बाल नहीं, जैसे आज ही मेरे लिए बुर को शेव किया हो. बुर की दोनों फांकें एकदम फूली हुई और आपस में चिपकी थीं!
मैं कालबॉय के रूप में होटल के कमरे में एक ग्राहक भाभी के साथ था. वह मुझे अपने जिस्म से खेलने नहीं दे रही थी. शायद वह मेरे साथ आराम से चुदाई का पूरा मजा लेना चाहती थी.
एक लड़का मेरे से गांड मरवाता था. एक बार मुझे उसके घर जाने का मौक़ा मिला तो मैंने उसकी मम्मी को देखा. एकदम माल लग रही थी. मैंने उसके साथ कैसे हॉट सेक्स किया? पढ़ें इस कहानी में!
शौहर से अलग होने के बाद मेरे जिस्म की गरमी अब किसी मर्द के जिस्म को मांगने लगी थी. मैंने कैसे अपने ऑफिस के विदेशी मर्द को अपने जिस्म के दीदार कराये!
मैंने मायके से अपने ससुराल आना था तो मेरे भी ने मुझे अपनी पहचान वाले के ट्रक में बिठा दिया कि ये आराम से मुझे घर तक छोड़ देगा. मगर रास्ते में क्या हुआ?
मैं स्कूल खत्म करके लखनऊ कोचिंग करने गया. वहां पर मेरी दोस्ती एक लड़की से हुई. मुझे चुदाई करनी नहीं आती थी लेकिन उस लड़की ने मुझे अलग अलग आसन में चोदना सिखाया.
स्कूल से ही एक लड़की से मैं प्यार करता था. मैं उससे सेक्स करना चाहता था. जल्दी ही मेरी ये हसरत भी पूरी हो गई. मगर उसके साथ कुछ और भी मुझे मिला. पढ़ें मेरी इस रीयल सेक्स स्टोरी में!
दिल्ली मेट्रो में मुझे नशे की हालत में एक लड़की मिली. मैंने उसकी मदद की, उसे घर छोड़ा. अगले दिन उसका मैसेज आया और हम दोनों में दोस्ती हो गई. उसके बाद क्या हुआ इस सेक्सी कहानी में पढ़कर मज़ा लें.
मैं अपने भतीजे की वासना भरी आसक्ति मेरे प्रति जान चुकी थी. मेरे दिल में भी उसके प्रति वासना जागने लगी थी लेकिन वो पहल नहीं कर रहा था तो ...
मैं कॉलेज से घर आता तो एक आंटी मुझे रोज देखती थी. वो बहुत सेक्सी थी. एक दिन उस आंटी ने आवाज लगा कर मुझे अपने पास बुलाया. उसके बाद क्या हुआ?
हम पति पत्नी एक दूसरे से बहुत प्यार करते हैं. लेकिन मेरे पति को कुछ नया चाहिए था तो वे मुझे किसी और से चुदवाने के लिए कहते थे। मुझे अजीब लगता था. लेकिन उनकी जिद के आगे ...
मैं अपनी प्यारी पड़ोसन के घर में उसकी एक बार चुदाई कर चुका था. लेकिन मेरा मन अभी नहीं भरा था और शायद उसकी चुदाई की तमन्ना अभी बाक़ी थी.
एक बार हम कुछ दोस्त, जिनमें लड़कियां भी थी, पार्टी में गए. मुझे मेरी गर्लफ्रेंड की सहेली अच्छी लगी तो मैंने अपनी गर्लफ्रेंड को कहा कि अगर ये एक रात के लिए मिल जाए तो मजा आ जाए.
मेरी प्रेयसी मेरी प्रियतमा, शरीके-हयात सब कुछ थी. उसकी शादी के पहले तक हम दोनों में जो सम्बन्ध था वो पति पत्नी से कम नहीं था और गरलफ्रेंड बॉयफ्रेंड के रिश्तों से काफी ऊपर था.
मेरी बेस्ट फ्रेंड मुझसे मेरी सेक्स लाइफ के बारे में पूछने लगी. वो अक्सर कहती थी कि उसका बॉयफ्रेंड रोमांटिक नहीं है. इन बातों से मुझे लगा कि वो मुझसे सेक्स करना चाहती है.
मैं अपनी मॉम के साथ मेरे दोस्त के घर आ या हुआ था. मेरा दोस्त मेरी मॉम को एक बार चोद चुका था. इस भाग ने पढ़ें कि मैंने कैसे अपने दोस्त की सेक्सी मम्मी को चोदा.
मैंने अपने यार को बताया कि मेरा दिल उसके दोस्त से चुदने का है. एक गांड मारे, दूसरा मेरी फुद्दी मारे ... वो मां गया और उसका दोस्त मुझे उठा कर ले गया. कहाँ ले गया और उसने क्या किया?
मैंने मेरी जवान भतीजी की चूचियाँ मसल कर उसकी वासना जगा दी थी. तभी तो वो खुद चलकर मेरे पास आयी थी. मुझे लगने लगा कि ये मुझसे चुदने के लिये ही आई है. क्या मैं सही सोच रहा था?
अब क्या होगा? मेरी पिटाई होने में अब तो बस प्रिया के जवाब देने की ही देर थी. मुझे मेरी पिटाई होना अब तय ही लग रहा था. मैं विनती भरी नजरों से प्रिया को
मेरी ननद समझ गई कि मैं अपनी इज्ज़त अपने नंदोई से लुटवा चुकी हूँ, पर वो कुछ नहीं बोली और मुझे अपने साथ नीचे ले गई। पूरी घटना कहानी पढ़ कर जानें और मजा लें!
मेरा बेटा मुझे वृद्ध आश्रम छोड़ गया। मेरे पति भी जीवित हैं, घर में सब कुछ है. फिर भी मैं वृद्ध आश्रम में क्यों? यह सब आप मेरी यह सेक्स कहानी पढ़ कर ही जान पायेंगे.
पढ़ाई के लिए पैसों की जरूरत थी तो मैं एक मसाज पार्लर में जॉब करने लगा. एक रात मालिक घर चला गया और एक लेडी ने मसाज के लिए आना था. वो आई तो उसके बाद क्या हुआ!
मेरी मामी की एक सहेली बहुत ही खूबसूरत है, वो अक्सर हमारे घर आती और मुझसे खूब बात करती थी. मैं आंटी को कामुकता भरी नजर से देखने लगा था. मैंने आंटी को चोदा कैसे?
मेरी मस्तराम कहानी में पढ़ें कि कैसे मैंने अपने पड़ोस की जवान लड़की की चूत उसकी फटी पजामी में देखी और मेरा मन उसकी चूत चुदाई का हो गया. मैंने उसे कैसे चोदा?
उसके होंठ देख के ही मैंने अंदाज़ा लगा लिया कि इसकी चूत का चीरा 3 इंच से ज्यादा का नहीं होगा. क़यामत सा उसका फिगर, आवाज़ जैसे मिश्री. मैं तो उसे देखते ही फ़िदा हो गया था.
एकाएक मैंने अपना लंड पूजा की चुत में से निकालकर गांड के छेद पर रखकर एक झटके से पूरा का पूरा लंड पूजा की गांड में पेल दिया. वो चौंक उठी, चिल्लाने लगी- ओह अहह मरर गईईईई.
मैंने पूजा की गांड में उंगली लगायी तो वो उछल पड़ी, बोली- साले, क्या तुझे चूत पसंद नहीं? कब से तू मेरी गांड के पीछे पड़ा हुआ है. मैं पहले भी बता चुकी हूँ कि मुझे गांड नहीं मरवानी!
मुझे चुत की सीटी सुनना बहुत अच्छा लगता है. मैं अक्सर बाथरूम के बाहर से अपनी माँ बहन की चुत की सीटी सुनता था. चलो आज मैं तुम्हारे सामने बैठ कर तुम्हारी चुत की सीटी सुनूँगा.
नवरात्रि मेले में मुझे एक भाभी दिखी, खूबसूरत थी, अच्छी लगी तो मैं उसे घूरने लगा. वो झूले पर बैठी तो मैं भी लपक कर साथ बैठ गया. उसके बाद क्या हुआ? पढ़ें इस कहानी में!
उन 15 दिनों में हर रोज मेरी चुदाई हुई. वे दिन आज भी मैं याद करती हूं तो रोमांचित हो जाती हूं. मैंने वहीं पहली बार अपनी मम्मी को दो अंकलों से चुदते देखा था.
मेरे दोस्त ने मेरी भाभी को लगभग पटा ही लिया था, बस भाभी की चुदाई ही बाक़ी थी. इस हिंदी सेक्सी स्टोरी में पढ़ें कि कैसे मैंने अपनी सभी भाभी को अपने दोस्त से चुदते देखा.
छोरी चुदासी तो थी पर चुदना अपने हिसाब से चाहती थी. उजाले में अपनी चूत नहीं दिखाना चाहती थी. मैंने भी तय कर लिया कि इसे रोशनी में पूरी नंगी करके अपने लंड पर झूला झुलाऊँगा.
मैं भैया भाभी के साथ रहता था. मेरा एक दोस्त भी हमारे साथ रहने लगा कुछ समय के लिए. उसने मेरी भाभी को पटा कर कैसे चोदा? पढ़ें इस सेक्सी कहानी में!
मेरे ऑफिस में मेरी जूनियर लड़की मेरे पास आती तो चिपक कर खड़ी होती थी. मैं उसमें इंटरेस्ट लेने लगा तो वो मुझसे और ज्यादा चिपकने लगी और बाहर मिलने के लिए बोलने लगी. आगे क्या हुआ?
मेरे होस्टल और मेरी गर्लफ्रेंड के पीजी की दूरी ज्यादा नहीं थी, हम रोज़ मिलते थे, मगर चुदाई की चुल्ल मुझे कुछ ज्यादा थी, चुदाई का कोई जुगाड़ नहीं था. मैं खतरा मोल लेकर उसे अपने होस्टल में ले आया.
सगे भाइयों से सेक्स करने के बाद वो अपनी माँ को भी इस खेल में शामिल करने की सोचने लगी ताकि वो निडर सेक्स का मजा ले सके और उसके भाई भी अपनी माँ के साथ सेक्स का मजा ले सकें!
मेरे पापा के दोस्त की बेटी कुछ महीने हमारे घर में रही. वो खूब मस्त गदरायी हुई लड़की थी. उसके साथ मैंने खूब सेक्स भारी मस्ती का मजा लिया. आप भी मेरी कहानी पढ़ कर मजा लें!
हम कुछ दोस्त घूमने गए थे तो ट्रेन में ही एक लड़की से मुलाक़ात हो गयी. वो अपनी मॉम के साथ वहीं जा रही थी. उसकी और मेरी सेटिंग कैसे हुई और वो कितनी चुदासी निकली, पढ़ें मेरी कहानी में!
बड़ी खतरनाक औरत हो, सोंह रब्ब दी, ढिल्लों के लौड़े के ऊपर इस तरह कोई नहीं उछली थी, तेरे जितनी आग नहीं देखी किसी में, क्या खाती हो?
एक महाचोदू किस्म के बड़ी उम्र के आदमी से चुदवा कर मुझे मजा आ गया था. तो मैंने एक बार फिर एक सीनियर सिटीजन को अपनी चूत चोदने के लिए पटाया. क्या इस बार भी मुझे पूरा मजा मिला?
मैं गाँव में रहता था. वहां मैंने बहुत सारी देसी गर्ल की खूब चुदाई की, खूब मजा लिया देसी सेक्स का! ग्रुप सेक्स भी किया. कुछ छोटी छोटी चुदाई कहानियों का मजा लें!
ढिल्लों जब लौड़े को फुद्दी के अंदर बेरहमी से मारता तो मेरे मुंह से अनाप शनाप निकल जाता जैसे- हाय मर गई ... नज़ारा आ गया ... चक्क ता कम्म ओए... हाय ... मेरे शेरा!
फिर एक बार मेरी ठुकाई की तैयारी थी, मेरे चोदू यार ने मेरी टाँगें अपने डौलों पर धर लीं और मेरी तह लगा दी मगर उसने खुद लौड़ा अंदर नहीं डाला और मुझसे बोला- डाल जट्टीये अपने आप अंदर!
अंकल ने कैसे हमारी जवान नौकरानी को चोदा, पढ़ें इस भाग में... साथ ही पढ़ें कि कैसे बारिश में अंकल ने मेरे साथ सेक्स से भरा मजा लिया.
उसने पहले खुद को फिर मुझे नंगा किया और शावर चला दिया, पानी थोड़ा ठंडा था, इसलिए हम जल्दी से एक दूसरे के साथ गूंथ गए, उसके शरीर को मैंने हर जगह से चूमा, उसके चूतड़ों को काट कर लाल कर दिया.
इस बार मैं पूरे जोश में थी, जब उसने तीसरी बार पूरा लण्ड निकाल कर जड़ तक पेला तो मैंने पूरा जोर लगाकर अपनी गांड ऊपर उठायी, हालांकि चीख मेरी इस बार भी निकली थी।
मैं एक गाँव में शादी में आई तो मेरी चूत मुझे जीने नहीं दे रही थी. मैं वहीं एक रिटायर्ड फौजी को पटा रही थी. इतना तो तय था कि आज नहीं तो कल उससे मैं चुदने वाली थी।
मुझे सेक्स की ललक चढ़ती जवानी में लग गई थी, नौकर ने चोदा, 15-20 लड़कों से सैकड़ों बार चुदी पर संतुष्ट नहीं हुई। शादी के बाद पति ने खूब चोदा तसल्ली कर दी. मगर ...
मैं अपने पति संग उनके ताऊ जी की बेटी की शादी में राजस्थान गई तो दिन में 2-3 बार चुदने वाली की चुदाई बंद हो गयी. मेरी चूत का तो बुरा हाल ... मैंने सोच लिया कि किसी जोरदार लंड का इंतजाम करना ही है.
स्टेज पर चुदाई शुरू हो गई थी और कमरे के दूसरे कोने में बैठा युगल भी पीछे नहीं था। वो अपनी महिला साथी को टेबल पर झुका कर पीछे से चोद रहा था। म्यूजिक की धुन भी ऐसी थी कि लग रहा था चुदाई के लिए ही बनी थी।
उसने मेरी पैन्ट और चड्डी भी उतार दी। मैं पूरी तरह से बेशर्म हुई, बिना इस बात की परवाह किए कि मेरा और मेरे पति का सबसे अच्छा दोस्त रवि भी वहीं खड़ा मुझे देख रहा है.
मेरी सेक्स कहानी पढ़ कर एक पाठिका ने, जिसका पति नपुंसक था, मुझे मेल की, और मुझसे मदद मांगी. उसने मुझे अपने घर बुलाया और मेरे साथ सेक्स किया.
मेरे एक दोस्त के पापा नहीं है, मैं पहली बार उसके घर गया तो उसकी सेक्सी मॉम को देखा, वो काफी सुंदर थी और उनकी बड़ी बड़ी आँखें उनके बदन की प्यास दर्शा रही थी. मैंने उन आंटी को कैसे चोदा.
कोई ऐसे लंड तलाशो, जो तुम्हारे साथ शादी करके हमेशा के लिए तुम्हें अपनी चूत बना कर रखे.. ना कि तुम्हें बाज़ारू चूत समझे, जिसे रंडी भी कहा जाता है.
मैं और मेरी स्टूडेंट एक दूसरे के बहुत करीब आ चुके थे, हम कई बार एक दूसरे की प्यास बुझा चुके थे, लेकिन प्यास थी कि बुझने की बजाय भड़कती ही जा रही थी। एक शादी में हमने कैसे प्यार किया.
मेरे आफिस में काम करने वाली एक गांव की लड़की की चुदाई मैंने कैसे की। उसका उसके बॉयफ्रेंड से ब्रेकअप हुआ था और परेशान थी. शायद उसे चुदाई की लत लग चुकी थी तो उसने मुझसे अपनी चुदाई करवायी.
हमारी पहचान फेसबुक पर हुई, व्हॉट्सैप पर देर रात तक बातें होने लगी. धीरे धीरे हमारी बातों में सेक्स आ गया . हम दोनों मिलने का बेसब्री से इंतजार कर रहे थे और वो दिन आ ही गया.
सलहज की पहली घमासान चुदाई के बाद मेरा लिंग आराम कर रहा था तो ध्यान मेरी पत्नी और उसके भाई की तरफ चला गया, मैं सोचने लगा कि दोनों भाई बहन किस तरह की चुदाई कर रहे होंगे?
भाभी कभी कभार लिफ्ट में मिल जाती तो किस कर देतीं या मेरा लंड दबा देतीं. मैं भी उनके चूतड़ और चुचे दबा देता. मेरे घर आती तो झुक कर भाभी चुचों का दीदार करा देती. भाभी चूत चुदाई के लिए व्याकुल थी.
आज मौसी की चुदाई का आखरी दिन था, मौसी खूब सज संवर कर तैयार हुई थी पर मैंने मौसी को मादरजात नंगी कर लिया. वो बोली- तूने मेरे अंदर ऐसी कामवासना की आग लगाई है कि अब तुमसे बिना चुदे एक दिन भी रह पाना मुश्किल है।
जब मैं पेशाब करने उठी तो तू और अशोक चुदाई कर रहे थे, तुम्हारे कमरे से सिसकारियाँ आहें... और तुम्हारी पायल की छमछम की आवाज आ रही थी। मैं समझ गई थी कि मेरा बेटा मेरी बहू की चुदाई कर रहा है।
मेरा दिन रात चुदवाने का मन करता रहता है, लगता है कि कोई भी मर्द आये और बस मेरे जिस्म को मसलने लगे और मेरे मुँह में अपना लंड डाल दे, फिर चूत का और गांड को इतना चोदे कि मुझे कुछ होश नहीं रहे.
यह कहानी काल्पनिक भी हो सकती है और सत्य भी... पढ़ें कि कैसे एक हरामी बाबा ने एक भाग्य की मारी सुन्दर औरत की मजबूरी और नादानी का फ़ायदा उठा कर उसका यौन शोषण किया उसकी रजामंदी से!
एक रात मेरे दोस्त की दीदी घर में अकेली थी तो मैं उसके घर रहने के लिए गया. दीदी गजब माल थी, मैं उन्हें छोड़ना चाहता था. मेरी तमन्ना पूरी हुई और मैंने दीदी की चूत की चुदाई की. कैसे?